नई दिल्ली: उत्तरी रेलवे ने दिल्ली और कश्मीर के बीच माल ढुलाई को आसान बनाने के लिए नई पहल शुरू की है। शुक्रवार 17 अप्रैल 2026 से नई दिल्ली के आदर्श नगर स्टेशन और कश्मीर के बडगाम के बीच संयुक्त पार्सल प्रोडक्ट रैपिड कार्गो सर्विस (जेपीपी-आरसीएस) ट्रेन नियमित रूप से चलाई जाएगी। यह सेवा घाटी के फल उत्पादकों, व्यापारियों और हस्तशिल्प कारीगरों को बड़ी राहत देगी, क्योंकि सेब, चेरी जैसे जल्दी खराब होने वाले सामान तेजी से और ताजे हालत में दिल्ली पहुंच सकेंगे।
दिल्ली-कश्मीर पार्सल ट्रेन सेवा की शुरुआत
उत्तरी रेलवे के अधिकारियों ने गुरुवार को जानकारी दी कि यह विशेष पार्सल ट्रेन ट्रायल आधार पर 31 मई 2026 तक नियमित रूप से चलेगी। इसके बाद अगर यात्रियों और माल की मांग संतोषजनक रही तो इसे स्थायी सेवा में शामिल किया जा सकता है। सीनियर डिविजनल कमर्शियल मैनेजर उचित सिंघल ने बताया कि व्यापारियों और किसानों की लगातार मांग को देखते हुए यह फैसला लिया गया है।
ट्रेन का समय सारणी और रूट
ट्रेन संख्या 00462 बडगाम से सुबह 6:15 बजे रवाना होगी और अगले दिन सुबह 5 बजे आदर्श नगर दिल्ली पहुंचेगी। कुल यात्रा समय करीब 23-24 घंटे रहेगा। रास्ते में माल चढ़ाने और उतारने की सुविधा के लिए ट्रेन बाड़ी ब्राह्मण और अंबाला कैंट स्टेशन पर ठहराव करेगी। बाड़ी ब्राह्मण स्टेशन पर ट्रेन का समय व्यापारियों की सुविधा को ध्यान में रखकर बदला गया है।
वापसी में ट्रेन संख्या 00461 आदर्श नगर से सुबह 5 बजे चलेगी और अगले दिन सुबह 10:45 बजे बडगाम पहुंचेगी। इस ट्रेन में आठ पार्सल वैन और एक सीटिंग-कम-लगेज कोच होगा।
किसानों और व्यापारियों को फायदा
रेलवे के अनुसार, यह सेवा सड़क परिवहन से ज्यादा तेज और भरोसेमंद है। सेब, चेरी, केसर, अखरोट, पश्मीना शॉल और अन्य हस्तशिल्प उत्पादों को देश भर के बाजारों तक जल्दी पहुंचाया जा सकेगा। इससे जम्मू-कश्मीर की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और फल उत्पादकों को नुकसान कम होगा।
ट्रेन की खासियत
यह रैपिड कार्गो सेवा सड़क के मुकाबले कम समय में दूरी तय करेगी, जिससे सामान ताजा रहेगा। फिलहाल ट्रायल चलाने के बाद मांग के आधार पर फैसला होगा। उत्तरी रेलवे का कहना है कि यह कदम स्थानीय व्यापार को बढ़ावा देने और परिवहन सुविधा बेहतर बनाने की दिशा में उठाया गया है।
